«

»

Nov
29

औषधि पादप कृषि हेतु ठेका खेती या कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग : श्रेष्ठ विकल्प

औषधि पादप कृषि हेतु ठेका खेती या कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग : श्रेष्ठ विकल्प

Contract farming a better Alternate in Uttarakhand for Herbs Cultivation

मेडिकल टूरिज्म विकास हेतु औषध पादप कृषि रणनीति – 8

Need of growing Medicinal plants Strategy – 8

उत्तराखंड में चिकत्सा पर्यटन रणनीति – 223

Medical Tourism development Strategies -223

उत्तराखंड पर्यटन प्रबंधन परिकल्पना – 330

Uttarakhand Tourism and Hospitality Management -330

आलेख – विपणन आचार्य भीष्म कुकरेती

-

शायद संसार में उत्तराखंड क्षेत्र ही एक ऐसा क्षेत्र होगा जो मानव शक्ति सहित सभी संसाधन युक्त है किन्तु वहां कृषि पाषाण युग में पंहुच चुकी है। सैकड़ों वर्षों से विशेषकर ब्रिटिश शासन में पुरखों ने जो खेत ‘कटळ खणो ‘ पद्धति से हाड मांश लगाकर निर्मित किये थे वे खेत अब मनुष्य की शक्ल देखने को तरस रहे हैं। हजारों एकड़ जमीन बांज पड़ गयी हैं। शायद इसे ही बिथ्या कहते होंगे। 80 प्रतिशत से अधिक खेतों के मालिक दूर बसे प्रवासी हैं जो अब घर बौड़ नहीं सकते और इस स्थिति को स्वीकार करना ही पड़ेगा बल अगले पचास सालों में अधिसंख्य में प्रवासी कृषि करने तो घर बौड़ेंगे नहीं और जमीन को बांज भी नहीं रखना होगा।

अब जब औषधि पादपों की भारी मांग बढ़ी है तब संवेदनशील विचारक विकल्प खोजने में जुट गए हैं। अभी दो विकप खुले हैं

-गाँव में सहकारी समिति द्वारा औषधि पादप कृषि की जाय जो अभी संभव नहीं दिखता है

- पूरे गाँव के खेत ठकेदारों को ठेके /सामयिक लीज पर दे और ठेकेदार औषधि पादप उत्पादन करें

कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग के नाम कई हैं -किन्तु पर्वतीय उत्तराखंड में ठेके की पद्धति हेतु ठेकदार ही सब कुछ करे वाला सिद्धांत सही होगा। ठेकेदारी में औषधि निर्माता या थर्ड पार्टी ठेकदार हो सकते हैं।

कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग पर कुछ साहित्य -

मार्केटिंग साहित्य रिकॉर्ड अनुसार कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग ताइवान में 1985 में शुरू हुआ

भारत में पेप्सी कम्पनी ने कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग शुरू की किन्तु फार्मिंग जमीन मालिक ही करते हैं।

कॉन्ट्रैक्ट या ठेका कृषि में ठेकेदार व जमीन मालिकों दोनों को लाभ होता है -

ठेकेदार या कृषि उत्पादक कम्पनी को लाभ

कम्पनी को पता है कितनी जमीन है और जमीन में उत्पाद कितना हो सकता है।

कम्पनी /ठेकदार पादप गुणवत्ता पर नियंत्रण रख सकता है।

ठेकेदार के पास संसदहन होते हैं अतः ठेकेदार को बजार की समस्या से नहीं जूझना पड़ता।

जमीन मालिक को लाभ

बिना उपस्थिति के जमीन आबाद हो जाती है और जमीन मिल्कियत पर आंच नहीं आती।

औषधि कृषि उत्पादन की किसी समस्या से नहीं जूझना पड़ता।

बजार नहीं खोजना पड़ता याने विक्री समस्या समाप्त

Copyright@ Bhishma Kukreti, 2018, bjkukreti@gmail.com

Medical Tourism development by Contract Farming in Garhwal , Uttarakhand ; Medical Tourism development by Contract Farming in Chamoli Garhwal , Uttarakhand; Cold Storage for Medical Tourism development by Contract Farming in Rudraprayag Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Pauri Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Tehri Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Uttarkashi Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Dehradun Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Haridwar Garhwal , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Pithoragarh Kumaon , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Champawat Kumaon , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Almora Kumaon , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Nainital Kumaon , Uttarakhand; Medical Tourism development by Contract Farming in Udham Singh Nagar Kumaon , Uttarakhand;

पौड़ी गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; उधम सिंह नगर कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; चमोली गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; नैनीताल कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; रुद्रप्रयाग गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; अल्मोड़ा कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; टिहरी गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; चम्पावत कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; उत्तरकाशी गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; पिथौरागढ़ कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास; देहरादून गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; रानीखेत कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास; हरिद्वार गढ़वाल मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; डीडीहाट कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका ; नैनीताल कुमाऊं मेडिकल टूरिज्म विकास में ठेका खेती या कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग की भूमिका

Copy Protected by Chetans WP-Copyprotect.