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Jul
02

हिसरियाखाळ (टिहरी ) में बगवाल परिवार की भव्य निमदारी में काष्ठ कला , अलकंरण , अंकन , लकड़ी नक्कासी

  हिसरियाखाळ  (टिहरी ) में  बगवाल परिवार की भव्य निमदारी में   काष्ठ  कला , अलकंरण अंकन , लकड़ी नक्कासी 

 

गढ़वाल, कुमाऊं , देहरादून , हरिद्वार ,  उत्तराखंड  , हिमालय की भवन  (तिबारी, जंगलेदार निमदारी  , बाखली , खोली , मोरी , कोटि बनाल    ) काष्ठ  कला , अलकंरण , अंकन , लकड़ी नक्कासी      – 202

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संकलन – भीष्म कुकरेती

उत्तराखंड की तिबारियों , निमदारियों , बाखलियों , कोटि बनालों  के  प्रलेखन या दस्तवेजिकरण  में मित्रों का सहयोग अप्रतिम रहा है।  प्रतिदिन  मित्र भवनों के फोटो व सूचनाएं भेज रहे हैं जो संस्कृति बचाओं का द्योतक है।  ऐसे ही कुछ सूचनाएं परम मित्र भिलेश्वर झल्डियाल  ने श्रीकोट (देवप्रयाग निकट ) क्षेत्र से कई फोटो व सूचनाएं भेजी हैं।  प्रस्तुत है आज  हिसरियाखाल (टिहरी गढ़वाल ) में बग्वाल परिवार की निमदारी की काष्ठ कला विवेचना।

हिसरियाखाल  (टिहरी गढ़वाल  )  में बगवाल  परिवार के दुपुर , दुघर (दुखंड /तिभित्या ) मकान की पहली मंजिल में भव्य निमदारी  स्थापित है। बगवाल  परिवार की   निमदारी  पंद्रहखम्या  है याने निमदारी  में 15 स्तम्भ (खाम ) लगे हैं व निमदारी भव्य है।

हिसरियाखाल  (टिहरी गढ़वाल  )  में बगवाल  परिवार की निमदारी के  पंद्रह स्तम्भ (खाम )  लकड़ी के छज्जे पर टिके  हैं।  स्तम्भ (खाम ) आधार पर जायमितीय कटान से मोटे  (थांत , crkicket bat  blade ) बने हैं व जैसे  ऊंचाई की ओर  यह कटान समाप्त होता है यहां स्तम्भ (खाम ) घट रूप में प्रकट होता है व घट रूप के बाद उर्घ्वगामी कमल फूल है।   कमल की पंखुड़ियां लम्बी हैं।  कमल फूल  के बाद स्तम्भ (खाम )  लौकी आकर लेता है व जहां  स्तम्भ (खाम ) की मोटाई कम होती है वहां एक उल्टा कमल उभर कर परक होता है जिसके ऊपर सीधा कमल है।  यहां से स्तम्भ फिर से थांत (cricket bat blade जैसे ) रूप धारण करता है जैसे आधार पर है।  मुरिन्ड लम्बी सपाट काष्ठ कड़ी है जिसपर कोई विशेष कला नहीं दिखती है।

हिसरियाखाल  (टिहरी गढ़वाल  )  में बगवाल  परिवार की निमदारी में  दो स्तम्भों के मध्य आधार व डेढ़ फुट के ऊपर दो लकड़ी की रेलिंग हैं जिनके मध्य XIX  आकर में जंगल बंधे हैं  व आकर्षक हैं।

हिसरियाखाल  (टिहरी गढ़वाल  )  में बगवाल  परिवार  के मकान में बाकी हिज्जों में कोई  ख़ास नक्कासी देखने को नहीं मिली।

 

हिसरियाखाल  (टिहरी गढ़वाल  )  में बगवाल  परिवार  की निमदारी अपने बड़े कार व पंद्रह खम्या रूप व स्तम्भों (खामों ) में कमल दल व घट आकर आकृतियों ने  निमदारी को भव्य व उत्कृष्ट श्रेणी में  रखवा दिया है।

 

  सूचना व फोटो आभार :   पर्यावरण मित्र -भिलेश्वर झल्डियाल 

 

Copyright @ Bhishma Kukreti, 2020

यह आलेख कला संबंधित है , मिलकियत संबंधी नही है I  भागीदारों व हिस्सेदारों के नामों में त्रुटी  संभव है I

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Traditional House Wood Carving Art (in Tibari), Bakhai , Mori , Kholi  , Koti Banal )  Ornamentation of Garhwal , Kumaon , Dehradun , Haridwar Uttarakhand , Himalaya -

Traditional House Wood Carving Art (Tibari) of  Tehri Garhwal , Uttarakhand , Himalaya   -

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