Tag Archive: Kumaun

Jun
05

मंदिरों , गुरुद्वाराओं के भंडारे/लंगर व भोग -प्रसाद भी भोजन पर्यटन अंग ही हैं

मंदिरों , गुरुद्वाराओं के भंडारे/लंगर व भोग -प्रसाद भी भोजन पर्यटन अंग ही हैं Bhandra, Bhog from temples are Tourism oriented भोजन पर्यटन विकास -14 Food /Culinary Tourism Development 14 उत्तराखंड पर्यटन प्रबंधन परिकल्पना – 398 Uttarakhand Tourism and Hospitality Management -398 आलेख – विपणन आचार्य भीष्म कुकरेती – अमूनन हिन्दू भारतीय पूजास्थलों में देवताओं …

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Jun
03

महाराष्ट्र के भीमाशंकर व देवरुख कॉलेज में वन भोजन महोत्सव :पर्टयन विकासोन्मुखी कृत्य

महाराष्ट्र के भीमाशंकर व देवरुख कॉलेज में वन भोजन महोत्सव :पर्टयन विकासोन्मुखी कृत्य भोजन पर्यटन विकास -12 Food /Culinary Tourism Development -12 उत्तराखंड पर्यटन प्रबंधन परिकल्पना – 389 Uttarakhand Tourism and Hospitality Management -389 आलेख – विपणन आचार्य भीष्म कुकरेती देवरुख का वन्य भोजन महोत्स्व महाराष्ट्र में कई स्थानों पर वन सब्जी महोत्स्व होते रहते …

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Oct
14

बच्चों द्वारा रामलीला पुनरावृति: कुमाऊं -गढ़वाल में लोक नाट्य मंचन उदाहरण

बच्चों द्वारा रामलीला पुनरावृति: कुमाऊं -गढ़वाल में लोक नाट्य मंचन उदाहरण लोकनाट्य विश्लेषक – भीष्म कुकरेती लोक नाटक मनुष्य सभ्यता का एक अंग है। जहां भी मनुष्य होंगे वहां लोक नाटक स्वयं जन्म ले लेते हैं। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्र कुमाऊं -गढ़वाल लोक नाटकीकरण से अछूते नहीं हैं। लोक नाटक मंचन की विशेषता बल लोक …

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Jul
30

Mahabharat Judh k Jad Chaam k Dali Nach –Gan: The Garhwali Folk Song Specifying Reason ofMahabharat Battle

Mahabharat Judh k Jad Chaam k Dali Nach –Gan: The Garhwali Folk Song Specifying Reason ofMahabharat Battle (Folk Dance -Song of Garhwal, Traditional Dance Songs fromUttarakhand, Himalayan Folk Dance-Songs) Bhishm Kukreti Mahabharata has influenced Garhwal well before Mahabharata was actuallycreated because the stories of Mahabharata were there in the form of folkliterature in Garhwal too. …

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Jul
30

Payali : A Garhwali Folk Song in Pandav Nrity Geet

Payali : A Garhwali Folk Song in Pandav Nrity Geet ( HimalayanTraditional Dance-Song, Folk Dance-Songs of Uttarakhand, Garhwali Folk Danceand Folk Songs) Bhishm Kukreti Pandav Nrity-Geet/Pandaun Dance-Song is verypopular dance-song sequence for all Garhwalis and Kumauni. In Pandau nrity-geet, the story narrators (Aujees) sing the stories of Pandavas of Mahabharata anddancers (Pashwa) dance on the …

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