Tag Archive: Garhwali

Jun
25

महेंद्र ध्यानी की दो कटु सत्य दर्शाती व्यंग्यात्मक गढ़वाली कविताएं ( Satirical, Realistic Poems by Mahendra Dhyani )

महेंद्र ध्यानी की दो कटु सत्य दर्शाती व्यंग्यात्मक गढ़वाली कविताएं ( Satirical, Realistic Poems by Mahendra Dhyani ) – सेठ कु छन (Garhwali Poem) ********** आसन ;पाणि अर भलि बात बच्याणि जैक घर म छन इ तीन धाणि(चीज) चाइ भितर नी छ कौड़ि काणि शान से द्यो ताणि हम सबसे सेठ छां। – दुन्या की …

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Jun
24

Dr. Umesh Chamola: Multidimensional Garhwali Literature Creative

Dr. Umesh Chamola: Multidimensional Creative (Critical and Chronological History of Garhwali Poetry, part – 167 A) By: Bhishma Kukreti Dr Umesh Chamola is multidimensional literature creative. Dr. Chamola is Garhwali novelist, lyricist, poet and writes poetry for children. Dr Umesh Chamola also collects and publishes Garhwali folk tales. Dr Umesh Chamola was born in 1973, …

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Jun
23

इन हाथों से क्या कर्रूँ ?

इन हाथों से क्या कर्रूँ ? – यूँ हथुं से क्या करण ? (Best of Garhwali Humor , Wits Jokes , गढ़वाली हास्य , व्यंग्य ) चबोड़ , चखन्यौ , ककड़ाट ::: भीष्म कुकरेती – मि राजस्थान्यूं , गुजरात्यूं अर गढ़वळ्यूं पार्टी मा नि जांदु अर कुछ ना कुछ बाना , बहाना एक्सक्यूज बणै दींदु …

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Jun
21

अरे नि चुलावो , नि चुलावो , स्या मेरि बूड सासुन बणवै छौ

अरे नि चुलावो , नि चुलावो , स्या मेरि बूड सासुन बणवै छौ – (Best of Garhwali Humor , Wits Jokes ) s =आधी अ – चबोड़ , चखन्यौ , ककड़ाट ::: भीष्म कुकरेती नै मकान बणानो बान पुरण कूड़ उजण जरूरी छौ। बिहारी ठिकदारक गढ़वळि मजदूर ऐ गे छा। समान सुमान भैर करणो पैल …

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Jun
18

प्रतीक्षालयुं मा प्रतीक्षा प्रसव पीड़ा

प्रतीक्षालयुं मा प्रतीक्षा प्रसव पीड़ा (Best of Garhwali Humor , Wits Jokes ) s =आधी अ – चबोड़ , चखन्यौ , ककड़ाट ::: भीष्म कुकरेती – प्रतीक्षा हमर जमनाक एक संस्कृति च , इन्तजार करण सभ्यताs अंग च , प्रतीक्षा मा जीण एक कला बि च। म्यार प्रतीक्षालय से पैल पैल मुखसौड़ तब ह्वे छे …

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